JIO vs NSE: मुकेश अंबानी बनाम दलाल स्ट्रीट में कौन मारेगा बाजी? एक्सपर्ट क्या कहते हैं जानें…

By Nishant Patil

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JIO vs NSE IPO: साल २०२६ IPO के हिसाब से शेयर मार्केट के लिये सबसे सबसे अनोखा रहनेवाला है क्योंकी आजतक के सबसे दो बड़े आईपीओ इसी साल आनेवाले हैं जिसका इंतजार हर छोटे-बड़े निवेशकों को हैं। एक तरह हैं Reliance Jio और दुसरी तरह है नैशनल स्टॉक एक्सचेंज यानी NSE का IPO। यह दोनों भी कंपनीया देश सबसे बड़ा आईपीओ लाने की दिशा में हैं। चलिये जानते हैं इनके बारे में पुरी जानकारी।

NSE and Jio Building Tower

National Stock Exchange का IPO

भारत की सबसे बड़ी स्टाॅक एक्सचेंज एक्सचेंज कंपनी NSE अपना आईपीओ लाने के लिये पहले से ही सेबी के पास ड्राफ्ट पेपर सबमीट कर दिये हैं। बाजार के विश्लेषकों के अनुसार यह आईपीओ करीब ३०,००० करोड़ रुपयों का हो सकता हैं। अगर ऐसा होता है तो इनका कुल मार्केट कैप ५ लाख करोड़ के आंकड़े को आसानी से पार कर देगा। दुनियाभर में डेरिवेटिव मार्केट में अपना डंका बजाने वाली इस स्टाॅक एक्सचेंज के पहले से ही १.८ लाख शेयर धारक मौजुद हैं। कुछ सालों से ऑप्शन ट्रेडिंग का क्रेज इस तरिके से बढ़ा हैं तबसे कमाई बहोत तेजी से ग्रो करी हैं। 

अगर एप्रिल २०१९ से एप्रिल २०२६ तक के रेवेन्यू को देखें तो यह लगभग डब्बलर से भी उप्पर होकर १८,७०० करोड़ रुपयों तक पहुंची हैं। 

इस आईपीओ के बारे में हमने पुरी डिटेल्स NSE IPO in Hindi इस आर्टिकल में लिखी है वो आप पढ़ सकते हैं।

Reliance JIO का IPO

अभी तक एनएससी आईपीओ इश्यु को सबसे बड़ा माना जा रहा था लेकिन यह रेकाॅर्ड ज्यादा दिन तक नहीं टिक पायेगा ऐसा लग रहा है क्योंकी राइटर्स की रिपोर्ट की मानें तो Reliance Jio IPO इससे भी बड़ा यानी ४ अरब डॉलर का हो सकता है है मतलब ३७,७७६ करोड़ भारतीर रुपये।

अगस्त २०२५ में हुये एजीएम के दौरान ही अनिल अंबानी ने इसको लेकर बात कही थी। वहीं मशहूर निवेशक जेफरिज ने इस भारत की बड़ी टेलीकॉम सेक्टर कंपनी की वैल्युएशन १८० अरब डॉलर आंकी थी।

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क्या कहते हैं विश्लेषक (Jio vs NSE IPO)

कुछ सालों से भारत के आईपीओ का हालत काफी उतार चढ़ाव भरी रही हैं। अगर सबसे बड़े आईपीओ की बात करें तो इसमें सबसे बड़ा नाम आता है हुंडई मोटर्स का जिसने साल २०२४ में २७,८५८ करोड़ रुपयों का आईपीओ लाया था। बाद मे सबसे बड़ी बिमा निगम कंपनी एलआईसी ने २०,५५७ करोड़ रुपये का आईपीओ लाया जिसकी चर्चा भी काफी ज्यादा हुई थी हालाकी इस आईपीओ की लिस्टिंग ने निवेशकों को बहुत ज्यादा निराश किया था। ऐसा ही कुछ हाल साल २०२१ के आई फिनटेक कंपनी का रहा जिसका नाम पेटिएम था। यह आईपीओ १८,३०० करोड़ इन्यु के बाद भी धड्डाम से औंधे मुंह गिरा था। इतना ही नहीं हाल ही में साल २०२५ में टाटा कैपिटल ने १५,५११ करोड़ रूपयों का आईपीओ लाकर बाजार का ध्यान खींचा था।

निवेशकों को मौका या धोका?

दोनों ही कंपनीया चाहे वो रिलायंस जियो हो या एनएससी, वह अपने अपने सेक्टर में सबसे बेहतरीन कंपनीया हैं। एक को पूरे शेयर बाजार की रिढ कह सकते हो वहीं दुसरी सबसे बड़ी टेलीकॉम कंपनी जो बड़ों के साथ साथ छोटे निवेशकों को भी वेल्थ क्रियेशन का मौका देती हैं। 

इन दोनों भी आईपीओ के आने से विदेशी निवेशकों का भरोसा बढ़ेगा और लिक्विडिटी में एक बड़ा बदलाव आनेवाले दिनों में देखने को मिल सकता हैं।

Disclaimer-  यह आर्टिकल सिर्फ एज्युकेशन एवं जानकारी के लिये लिखा हैं। हम कोई सेबी रजिस्टरी एडवायजरी नहीं हैं। हम कोई भी निवेश करने की सलाह नहीं देते हैं। मार्केट में निवेश जोखिमभरा हो सकता हैं। कृपया कोई भी निवेश करने से पहले आप अपने वित्तीय सलाहकार की राय अवश्य करें।

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